इन दिनों देशभर में “कॉकरोच” शब्द को लेकर चर्चा तेज हो गई है। चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने एक मामले की सुनवाई के दौरान 15 मई 2026 को देश के बेरोजगार युवाओं को कॉकरोच कहा। सुप्रीम कोर्ट में एक सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने कुछ बेरोजगार युवाओं और सिस्टम की आलोचना करने वालों को लेकर टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि कुछ लोग नौकरी न मिलने के बाद मीडिया, सोशल मीडिया या आरटीआई एक्टिविस्ट बनकर व्यवस्था पर हमला करने लगते हैं।
यह टिप्पणी उस समय सामने आई जब एक वकील ने सीनियर एडवोकेट का दर्जा दिए जाने की मांग को लेकर याचिका दाखिल की थी। सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच ने वकील के व्यवहार पर नाराजगी जताई और कहा कि हर व्यक्ति इस सम्मान के योग्य नहीं होता। इस टिप्पणी के बाद सोशल मिडिया पर युवाओं ने जमकर विरोध किया।
16 मई 2026 को अभिजीत दीपके ने बॉस्टन से एक्स पर “कॉकरोच जनता पार्टी” के नाम से एक पोस्ट और गूगल फॉर्म शेयर किया जिसमें लोगों से जुड़ने की अपील की गई। इसके बाद इस नाम से सोशल मीडिया अकाउंट बनाए गए और देखते ही देखते लाखों लोग इससे जुड़ने लगे। सिर्फ दो दिनों में एक्स अकाउंट पर दो लाख से ज्यादा फॉलोअर्स हो गए।अमेरिका के बोस्टन यूनिवर्सिटी में पब्लिक रिलेशन की पढ़ाई कर रहे हैं।
फॉलोअर्स 1.87 करोड़
इंस्टाग्राम पर भी इसके फॉलोअर्स तेजी से बढ़े और कुछ ही समय में यह देशभर में चर्चा का बड़ा विषय बन गया। वर्तमान में इंस्टाग्राम पर इस पार्टी के फॉलोअर्स 1.87 करोड़ हो चुके है। अभिजीत दीपके द्वारा इंस्टाग्राम अकाउंट हैक करने का भी आरोप लगाया है। अभिजीत 2020 से 2022 तक आम आदमी पार्टी के सोशल मीडिया स्ट्रैटेजिस्ट के तौर पर काम कर चुके हैं।
16 मई को CJI सूर्यकांत ने अपने बयान पर सफाई दी और कहा- मैंने युवाओं की आलोचना नहीं की थी। मेरे बयान को गलत ढंग से देखा गया। उनके बातों को मीडिया के एक हिस्से ने गलत तरीके से पेश किया है और ऐसा दिखाया गया है जैसे उन्होंने देश के सभी युवाओं पर टिप्पणी कि हो। उन्होंने कहा है उनका यह इरादा नहीं था। उन्होंने यह टिप्पणी सिर्फ उन लोगों के लिए की थी जो फ़र्जी या नकली डिग्रियों के सहारे वकालत जैसे पेशों में आने की कोशिश करते हैं। उनके मुताबिक यह बयान आम युवाओं या बेरोजगारों के खिलाफ नहीं था।


