पंजाब पुलिस में महिलाओं की भागीदारी और नेतृत्व को बढ़ावा देने के लिए चलाया गया एक साल लंबा जेंडर सेंसिटाइजेशन और मेनस्ट्रीमिंग प्रशिक्षण प्रोजेक्ट गुरुवार को महाराजा रणजीत सिंह पंजाब पुलिस अकादमी (MRSPPA), फिल्लौर में संपन्न हुआ। यह कार्यक्रम पंजाब पुलिस, जे-पैल (J-PAL) और हारटेक फाउंडेशन के सहयोग से आयोजित किया गया।

समापन कार्यक्रम में द इंडियन एक्सप्रेस की नेशनल एडिटर (नॉर्थ) मनराज ग्रेवाल शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। उन्होंने महिला पुलिसकर्मियों से कहा कि सफलता के लिए सामान्य प्रयास से आगे बढ़कर अतिरिक्त मेहनत करना जरूरी है। उन्होंने महिलाओं को अपनी बात मजबूती से रखने और कार्यस्थल पर अनुचित व्यवहार का विरोध करने के लिए प्रेरित किया।

स्पेशल डीजीपी गुरप्रीत कौर देव ने कहा कि पंजाब पुलिस में करीब 11 प्रतिशत महिला कर्मचारी हैं। उन्होंने महिला अधिकारियों से प्रशासनिक जिम्मेदारियों तक सीमित न रहने और चुनौतीपूर्ण फील्ड ड्यूटी के साथ SHO जैसे नेतृत्व वाले पदों की जिम्मेदारी लेने के लिए आगे आने की अपील की।

कार्यक्रम में पूर्व डीजीपी मीरन चड्ढा बोर्वंकर और पूर्व डीजीपी आरसी सिंह ने भी अपने अनुभव साझा किए। इस दौरान 51 मास्टर ट्रेनर्स को सम्मानित किया गया।

प्रोजेक्ट के तहत पंजाब के 384 पुलिस स्टेशनों से करीब 1,500 पुलिसकर्मियों को प्रशिक्षण दिया गया। दिसंबर 2025 में 51 मास्टर ट्रेनर्स के प्रशिक्षण से शुरू हुआ यह अभियान जिला स्तर तक पहुंचा। अब J-PAL अंतिम सर्वे के जरिए इस प्रशिक्षण के लंबे समय के प्रभाव का आकलन करेगा।

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