हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी बुधवार को चंडीगढ़ के सेक्टर-34 में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय की सराहना करते हुए कहा कि उनकी वाणी से भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं और गीता के संदेश को समझने का अवसर मिलता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा मन को शांति, आत्मा को शक्ति और जीवन को सही दिशा देती है। जीवन में सफलता का अर्थ केवल धन और सुख-सुविधाएं जुटाना नहीं, बल्कि अच्छे संस्कार अपनाना और बेहतर इंसान बनना भी है।
उन्होंने कहा कि कुरुक्षेत्र की धरती पर भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को गीता का उपदेश दिया था। गीता की शिक्षा हमें अपने कर्तव्यों को ईमानदारी से निभाने और परिणाम की चिंता किए बिना कर्म करने की प्रेरणा देती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि संतों और कथावाचकों ने भारतीय संस्कृति और आध्यात्मिक परंपराओं को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
उन्होंने माता-पिता से बच्चों को समय देने, उनसे बातचीत करने और सही मार्गदर्शन करने की अपील की। युवाओं को गलत संगत, क्रोध और निराशा से दूर रहने का संदेश देते हुए उन्होंने मोबाइल का संतुलित इस्तेमाल करने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि मोबाइल का उपयोग हमारी जरूरत के अनुसार होना चाहिए, न कि हम उसके गुलाम बनें।


