मोहाली। मशहूर सेलिब्रिटी मास्टरशेफ हरपाल सोखी ने मोहाली में कई क्रॉकरी आउटलेट विजिट के दौरान कुकिंग और हाइजीन से जुड़े अहम टिप्स साझा किए। उन्होंने कहा कि खाना बनाना जितना ज़रूरी है, उतना ही उसकी सही स्टोरेज और स्वच्छता का ध्यान रखना भी ज़रूरी है। शेफ सोखी ने मंडी से लाई गई सब्ज़ियों को सीधे फ्रिज में रखने से बचने की सलाह दी। उन्होंने बताया कि इन्हें पहले पानी में बेकिंग सोडा डालकर अच्छी तरह मलकर धोएं, फिर सुखाकर नैपकिन में लपेटकर रखें। इससे पत्तेदार सब्ज़ियां और खासकर धनिया लंबे समय तक ताज़ा बनी रहती हैं।दही को हमेशा स्टील के बर्तन में ट्रांसफर करने और पके हुए खाने को एक दिन से ज़्यादा स्टोर न करने की भी सलाह उन्होंने दी। शॉपिंग के दौरान वुडन बोर्ड का इस्तेमाल करने को उन्होंने बेहतर और हाइजीनिक विकल्प बताया।
अपने दौरे के दौरान शेफ सोखी ने कुकवेयर की गुणवत्ता पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि आजकल बोरोसिल के “ट्राई प्लाई” तकनीक वाले कढ़ाई, सौसपैन और पतीले लोकप्रिय हो रहे हैं। इन बर्तनों की तीन परतों की बनावट से गर्मी पूरे बर्तन में समान रूप से पहुंचती है। इसमें इस्तेमाल होने वाला फूड-ग्रेड स्टेनलेस स्टील और एल्युमिनियम खाने को हानिकारक केमिकल्स से सुरक्षित रखते हैं।शेफ सोखी के अनुसार, पीतल और कॉपर के मोटे तले वाले बर्तनों में खाना स्वादिष्ट और आसानी से बनता है। वहीं, पारंपरिक मिट्टी के बर्तनों में बनी दाल और करी दो-तीन दिन तक खराब नहीं होती, जबकि नॉन-स्टिक पैन में बना खाना एक दिन से ज़्यादा नहीं टिकता।
उन्होंने यह भी कहा कि लोहे के बर्तनों में बना खाना खासकर प्रेग्नेंट महिलाओं और खून की कमी से जूझ रहे लोगों के लिए फायदेमंद होता है। नॉन-स्टिक बर्तनों में पका खाना लंबे समय तक स्टोर नहीं करना चाहिए। इसके लिए अच्छी क्वालिटी के सिरेमिक कोटेड बर्तनों का इस्तेमाल बेहतर है।


