ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे युद्ध के दौरान होर्मुज में हिमाचल प्रदेश के एक युवा नाविक की मौ.त हो गई है। ओमान तट के पास अमेरिकी मिसाइल हमले में शिप में सवार हिमाचल के हमीरपुर जिले के 23 वर्षीय नाविक आदित्य शर्मा की मौत हो गई। हमले के समय शिप पर कुल 24 चालक दल के सदस्य मौजूद थे। इनमें से 21 को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। लेकिन इस हमले में आदित्य शर्मा की जान चली गई आदित्य मर्चेंट शिप में बतौर डेक कैडेट तैनात थे और ओमान तट होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाज पर थे। आदित्य शर्मा के पिता का नाम राजेश शर्मा है।
आदित्य शर्मा के पिता राजेश शर्मा जालंधर में एक निजी कंपनी में कार्य करते हैं। माता सुषमा शर्मा गृहणी हैं। आदित्य इनका इकलौता बेटा था। पीडि़त पिता राजेश शर्मा ने डीसी हमीरपुर को पत्र लिख बेटे के शव को विदेश से लगाने की गुहार लगाई है। आदित्य के चाचा ने बताया कि कल रात करीब 9 बजे मेरे भाई को फोन आया और बताया गया कि वह लापता है। जैसे ही मुझे यह जानकारी मिली, मैंने सब कुछ छोड़ दिया और सीधे जालंधर के लिए निकल पड़ा। उन्होने कंपनी के बारे में बताया की पूरी रात हमने कंपनी के लोगों के साथ सहयोग करने की कोशिश की लेकिन कंपनी ने कोई सहयोग नहीं किया। वे हमें कुछ भी नहीं बता रहे थे, बस इतना ही कि वह लापता है।
आदित्य अभी डेक पर काम कर रहा था। उसने लगभग छह महीने की सर्विस पूरी कर ली थी। आदित्य के पिता राजेश शर्मा के मुताबिक, आदित्य ने अप्रैल में जहाज़ पर अपने वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा शोषण किए जाने की शिकायत की थी और वह इस जहाज़ को छोड़ना चाहता था। आदित्य ने बारहवीं तक की पढ़ाई जालंधर से की। इसके बाद चेन्नई से मर्चेंट नेवी का कोर्स किया था।
वही आदित्य के चाचा ने बताया की हमारी कोशिश है कि और हम चाहते है हमारे बच्चे के अवशेष जल्दी ही हमें मिले जिससे हम उसका अंति/म संस्कार कर सकें।


