हिमाचल प्रदेश के कांगडा में सोमवार को परिवहन व्यवस्था पूरी तरह ठप हो गई है।
टैक्सी ऑपरेटर यूनियन ने प्रदेश की सुक्खू सरकार को सोमवार शाम तक का अल्टीमेटम दे दिया है।
यूनियन ने सरकार से कह दिया है कि अगर टैक्सी ऑपरेटरों के पक्ष में शाम तक कोई निर्णय नहीं लिया जाता है, तो कल से वे चक्का जाम कर देंगे।
वे सभी गाडिय़ों को सडक़ पर ही रोक देंगे, जिसकी सारी जिम्मेदारी सरकार की होगी।
आज ट्रांसपोर्टरों ने ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशनों के खिलाफ अनिश्चितकालीन हड़ताल कर दी है
केंद्र सरकार ने पुरानी मैन्युअल व्यवस्था को बदलकर अब मशीनीकृत यानी ऑटोमेटेड स्टेशनों के जरिए वाहनों की फिटनेस जांच अनिवार्य कर दी गई है।
राज्य के विभिन्न हिस्सों में ये केंद्र स्थापित किए गए हैं। ट्रांसपोर्टरों ने इसका विरोध जताते हुए सरकार पर आरोप लगाया है
कि मशीनी जांच में छोटी-छोटी तकनीकी कमियों के कारण भी फिटनेस सर्टिफिकेट नहीं मिल पा रहा है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान हो रहा है।
इस वजह से बसों और टैक्सी चालकों ने आज हड़ताल कर दिया है वही इस हड़ताल के कारण स्कूलों की छुट्टीयां कर दी गई है।
वही ATS सिस्टम के खिलाफ प्राइवेट ट्रांसपोर्टरों की हड़ताल के कारण आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।


