पंचकूला, 1 जून : उपायुक्त सतपाल शर्मा ने आज जिले में जल शक्ति अभियान–जल संचय जन भागीदारी (जेएसजेबी) 2.0 के तहत हुई प्रगति की समीक्षा की तथा सभी संबंधित विभागों को जल संरक्षण एवं वर्षा जल संचयन से जुड़े कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पंचकूला को केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय द्वारा निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति में अग्रणी जिला बनाने के लिए सभी विभाग समन्वित प्रयास करें।
उन्होंने बताया कि जेएसजेबी 2.0 का मुख्य उद्देश्य वर्षा जल संचयन संरचनाओं के निर्माण को बढ़ावा देना, पारंपरिक जल निकायों का पुनर्जीवन तथा वनीकरण सहित जलग्रहण क्षेत्र प्रबंधन गतिविधियों को प्रोत्साहित करना है। यह अभियान कृषि एवं ग्रामीण विकास सहित जल से संबंधित विभिन्न विभागों द्वारा संचालित केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं के प्रभावी समन्वय को भी बढ़ावा देता है।
समीक्षा बैठक के दौरान उपायुक्त ने वन विभाग को चेक डैम (लघु बांध) निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए, ताकि अतिरिक्त वर्षा जल का संरक्षण किया जा सके, जो सामान्यतः मानसून के दौरान बहकर व्यर्थ चला जाता है। उन्होंने कहा कि संचित जल का उपयोग सिंचाई एवं अन्य आवश्यक कार्यों में किया जा सकता है।
उन्होंने विकास एवं पंचायत विभाग को ग्रामीण क्षेत्रों में वर्षा जल भंडारण के लिए पर्याप्त संख्या में तालाबों और जलाशयों का निर्माण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके अलावा लोक निर्माण (भवन एवं सड़कें) विभाग, स्कूल शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी), विकास एवं पंचायत विभाग तथा नगर निगम को स्कूलों, आंगनवाड़ी केंद्रों, पंचायत भवनों और अन्य सरकारी संस्थानों में रूफटॉप रेनवाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम स्थापित करने के निर्देश दिए गए।


