हरियाणा के पर्यटन को विश्व मानचित्र पर लाने की योजना, सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेले की भव्यता बढ़ाने पर जोर!

Haryana Surajkund Mela 2025

Haryana Surajkund Mela 2025: केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि हरियाणा की समृद्ध संस्कृति और पर्यटन को वैश्विक पहचान दिलाने के लिए विशेष कार्ययोजना बनाई जाएगी।

उन्होंने कहा कि सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेले को और भव्य बनाने के साथ-साथ इसमें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बड़े देशों की भागीदारी सुनिश्चित करने पर बल दिया जाएगा।

हरियाणा के विरासत और पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत से मुलाकात कर 7 फरवरी से फरीदाबाद में शुरू हो रहे
38वें सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेले के उद्घाटन का न्योता दिया। इस दौरान हरियाणा के पर्यटन विकास को लेकर विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई।

Haryana Surajkund Mela 2025 – हरियाणा के पर्यटन को मिलेगा नया आयाम

केंद्रीय मंत्री शेखावत ने कहा कि सूरजकुंड मेला हरियाणा की सांस्कृतिक
और हस्तशिल्प विरासत को प्रदर्शित करने का एक महत्वपूर्ण मंच है।
इसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और अधिक प्रचारित करने की आवश्यकता है
ताकि विदेशी पर्यटक और कलाकार इस मेले का हिस्सा बन सकें।
उन्होंने सुझाव दिया कि आगामी संस्करणों में वैश्विक सहयोग बढ़ाने के लिए प्रमुख देशों को भागीदार राष्ट्र के रूप में जोड़ा जाए।
उन्होंने आगे कहा कि हरियाणा सरकार और केंद्र सरकार मिलकर एक विशेष कार्ययोजना तैयार करेंगी,
जिससे राज्य के ऐतिहासिक स्थलों, सांस्कृतिक धरोहरों और पर्यटन को विश्व स्तर पर पहचान मिल सके।
उन्होंने सूरजकुंड मेले के वार्षिक कैलेंडर को पहले से तय करने की बात कही,
ताकि अंतरराष्ट्रीय प्रतिभागियों और पर्यटकों को पहले से इसकी जानकारी मिल सके और वे इसमें भाग ले सकें।

डिजिटल प्लेटफार्म और पारदर्शिता पर जोर

पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने बताया कि इस बार मेले में डिजिटल प्लेटफार्म का व्यापक उपयोग किया जाएगा।
•ऑनलाइन टिकट बुकिंग की सुविधा उपलब्ध होगी।
•सभी कलाकारों और स्टॉलों के लिए QR कोड लगाए जाएंगे, जिससे पारदर्शिता बनी रहे।
•मेला मैदान में सुरक्षा और मॉनिटरिंग के लिए डिजिटल ट्रैकिंग सिस्टम का इस्तेमाल किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस बार मेले में थीम स्टेट मध्य प्रदेश और ओडिशा होंगे,
जबकि बिम्सटेक (BIMSTEC) देशों सहित 50 से अधिक देशों के कलाकार, बुनकर और शिल्पकार मेले में भाग लेंगे।
इसके अलावा, 15 राज्यों के पारंपरिक व्यंजन भी पर्यटकों के लिए उपलब्ध रहेंगे।

हरियाणा सरकार का विजन

पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देशभर में कला,
संस्कृति और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए बड़े कदम उठाए जा रहे हैं।
हरियाणा सरकार भी मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में पर्यटन और सांस्कृतिक विकास को प्राथमिकता दे रही है।
उन्होंने बताया कि सरकार का उद्देश्य हरियाणा को पर्यटन के क्षेत्र में देश
और दुनिया के प्रमुख गंतव्यों में शामिल करना है।
इसके लिए संस्कृति, खान-पान, कला और शिल्प को एक मंच पर लाकर एक अनूठा अनुभव देने की योजना बनाई जा रही है।
हरियाणा सरकार की यह पहल न केवल राज्य की सांस्कृतिक धरोहर और पर्यटन को बढ़ावा देगी,
बल्कि इससे स्थानीय शिल्पकारों, बुनकरों और कलाकारों को भी आर्थिक रूप से लाभ मिलेगा।
सूरजकुंड मेले को और भव्य बनाने और इसे वैश्विक मंच पर प्रस्तुत करने की यह रणनीति हरियाणा को पर्यटन के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों पर ले जाने में सहायक होगी।