जानिए सूर्य उपासना से कैसे मिलते हैं ? धन, स्वास्थ्य और समृद्धि

दुनिया भर में प्राचीन काल से लोग सूर्य़ देवता की पूजा और भगवान सूर्य को अर्घ्य देते आ रहे हैं। भारत में हर साल सूर्य से संबंधित अनगिनत त्यौहार मनाए जाते हैं और रविवार व्रत उनमें से एक महत्वपूर्ण त्यौहार है। रविवार सूर्य देवता की पूजा का दिन है।

जीवन में सुख-समृद्धि, धन-संपत्ति और शत्रुओं से सुरक्षा के लिए रविवार का व्रत सर्वश्रेष्ठ है। रविवार का व्रत करने के साथ कथा सुनने से मनुष्य की सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। मान-सम्मान, धन-यश तथा उत्तम स्वास्थ्य मिलता है।

माना जाता है सूर्यदेव का व्रत 1वर्ष या 30 रविवारों तक या 12 रविवारों तक करना चाहिए।

सूर्यदेव की पूजा विधि

रविवार को सूर्योदय होने से पहले उठना चाहिए, जल्दी ही स्नान से निवृत्त होकर साफ लाल रंग के वस्त्र पहनें।

पूजा शुरू करने से पहले, इस व्रत को करने वाले को सूर्य को जल चढ़ाना चाहिए। पूर्व दिशा की ओर मुंह करके तांबे के लोटे में जल भरें.  इसमें सफेद चावल, कुमकुम और कुछ लाल फूल भी डाल सकते हैं।

घर के ही किसी पवित्र स्थान पर भगवान सूर्य की मूर्ति या चित्र स्थापित करें फिर सूर्य देवता को लाल रंग के वस्त्र और लाल रंग के फूलों से सजाएं क्योंकि लाल सूर्य का रंग है।

मंदिर में पानी से भरा कलश रखें और धूप, चंदन का लेप, गेहूं के दाने, कुमकुम, लाल फूल और साथ ही इस व्रत के लिए विशेष रूप से तैयार किए गए व्यंजन चढ़ाएं।

इसके बाद विधि-विधान से गंध-पुष्पादि से भगवान सूर्य का पूजन करें।

इसके बाद मंत्रों का जाप करें, सूर्य देव के विभिन्न नामों का जाप करें और शुद्ध मन से रविवार व्रत कथा पढ़ें।

व्रतकथा सुनने के बाद आरती करें।

सूर्य भगवान के मंत्र

‘ॐ ह्रां ह्रीं ह्रौं स: सूर्याय नम:’ इस मंत्र का 12 या 5 अथवा 3 माला जप करें।

 व्रत में सात्विक भोजन करें

सात्विक भोजन व फलाहार करें। भोजन में गेहूं की रोटी, दलिया, दूध, दही, घी और चीनी खाएं। रविवार के दिन नमक नहीं खाएं।

व्रत का फल

इस व्रत के करने से मनुष्य को मोक्ष प्राप्त होता है।

इस व्रत के करने से स्त्रियों का बांझपन दूर होता है।

इससे सभी पापों का नाश होता है।

इससे मनुष्य को धन, यश, मान-सम्मान तथा आरोग्य प्राप्त होता है।

रविवार व्रत का महत्व

सूर्य देव जिस प्रकार पृथ्वी के अंधकार को दूर करते है और उनकी किरणों से उजाला छा जाता है उसी प्रकार जीवन के अंधकार को दूर करके सुख समृदधि का प्रकाश देते है। सूर्यदेव जीवन के प्रणेता माने जाते हैं। उनके बिना इस संसार का कोई अस्तित्व नहीं हो सकता। सूर्य देव के प्रति श्रद्धा और भक्ति से व्यक्ति की सभी समस्याओं का समाधान हो सकता है। यह व्रत विशेष रूप से उन लोगों के लिए बहुत लाभकारी है, जो स्वास्थ्य समस्याओं, मानसिक तनाव, या आर्थिक कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं। रविवार के व्रत से ना केवल स्वास्थ्य लाभ होता है, बल्कि यह व्यक्ति की मानसिक स्थिति को भी बेहतर बनाता है। यह व्रत व्यक्ति को शुद्ध करता है और उसके जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है। साथ ही, सूर्य देव के आशीर्वाद से व्यक्ति को सुख, समृद्धि और सफलता प्राप्त होती है।