चंडीगढ़, 20 जून: हरियाणा सरकार ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि वह प्रदेश के ग्रामीण इलाकों के स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने को लेकर गंभीर और प्रतिबद्ध है। रेवाड़ी जिले के खोरी गांव में उप-स्वास्थ्य केंद्र (Sub Health Centre) की मंजूरी इसी दिशा में एक ठोस पहल है। इस प्रस्ताव को मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने हरी झंडी दी, और यह परियोजना अब जल्द ही धरातल पर उतरने वाली है।
स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव की पहल का असर
हरियाणा की स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री कुमारी आरती सिंह राव के सक्रिय और दूरदर्शी नेतृत्व में यह निर्णय लिया गया है। उन्होंने बताया कि सरकार का उद्देश्य है कि हर नागरिक को समय पर, सुलभ और सस्ती स्वास्थ्य सेवाएं मिलें, चाहे वह शहर में हो या गांव में।
उन्होंने मुख्यमंत्री को त्वरित मंजूरी देने के लिए धन्यवाद देते हुए कहा:
“यह उप-स्वास्थ्य केंद्र ग्रामीणों की वर्षों पुरानी मांग को पूरा करेगा और लोगों को उनके घर के पास ही जरूरी चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध होंगी। यह ‘स्वस्थ हरियाणा’ मिशन की दिशा में हमारा मजबूत कदम है।”
उप-स्वास्थ्य केंद्र में क्या-क्या सुविधाएं होंगी?
स्वास्थ्य मंत्री के अनुसार, खोरी गांव में बनने वाला यह केंद्र खासतौर पर प्राथमिक स्वास्थ्य जरूरतों पर केंद्रित होगा। इसमें शामिल होंगे:
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टीकाकरण सेवाएं (बच्चों और महिलाओं के लिए)
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बुनियादी चिकित्सा उपचार (बुखार, चोट, संक्रमण आदि का इलाज)
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निवारक देखभाल और स्वास्थ्य परामर्श
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स्वास्थ्य जागरूकता अभियान (पोषण, स्वच्छता, जनसंख्या नियंत्रण आदि पर)
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महिलाओं और बच्चों के लिए विशेष चिकित्सा शिविर
गांव वालों की लंबे समय से थी यह मांग
गांव खोरी के निवासियों ने वर्षों से अपने इलाके में स्वास्थ्य केंद्र की मांग की थी। अक्सर उन्हें मामूली इलाज के लिए भी दूर रेवाड़ी शहर या अन्य कस्बों में जाना पड़ता था, जिससे समय और पैसा दोनों खर्च होते थे। कुछ महीने पहले ग्रामीणों ने इस मुद्दे को लेकर स्वास्थ्य मंत्री से मुलाकात भी की थी।
सरकार ने इस मुद्दे को गंभीरता से लिया और तेजी से कार्रवाई कर, अब गांव को वह सुविधा मिलने जा रही है जिसकी जरूरत वर्षों से महसूस की जा रही थी।
शुरू से ही प्रभावी संचालन का वादा
स्वास्थ्य विभाग ने यह भी आश्वासन दिया है कि इस उप-स्वास्थ्य केंद्र में पर्याप्त स्टाफ, जरूरी संसाधन और दवाइयों की आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी। इसका मकसद यह है कि यह केंद्र शुरुआत से ही पूरी क्षमता के साथ काम करे और गांव के लोगों को इसका पूरा लाभ मिले।
‘स्वस्थ हरियाणा’ की दिशा में निरंतर प्रयास
खोरी गांव में उप-स्वास्थ्य केंद्र की स्थापना न केवल एक सरकारी योजना की सफलता है, बल्कि यह एक नवीन सोच और जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सुविधाओं को पहुंचाने का जीवंत उदाहरण भी है। यह कदम दिखाता है कि राज्य सरकार गांव-गांव तक स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए स्थायी और दीर्घकालिक समाधान पर काम कर रही है।
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