गोल्ड स्मगलिंग केस में एक्ट्रेस Ranya Rao पर ED का बड़ा एक्शन: 34.12 करोड़ की संपत्ति जब्त!

चंडीगढ़, 5 जुलाई: कन्नड़ और साउथ फिल्मों में नजर आ चुकीं एक्ट्रेस रान्या राव इन दिनों बड़े कानूनी संकट में घिरी हुई हैं। गोल्ड स्मगलिंग और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे गंभीर आरोपों के चलते अब उनके खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए ₹34.12 करोड़ की संपत्तियां जब्त कर ली हैं।

यह कार्रवाई PMLA (Prevention of Money Laundering Act) के तहत की गई है, जिसमें साफ कहा गया है कि जब्त की गई संपत्तियां अपराध से अर्जित की गई राशि के बराबर हैं, जिसे अभी तक ट्रेस नहीं किया जा सका है।

कौन-कौन सी संपत्तियां हुईं जब्त?

ED द्वारा रान्या राव की जो चार प्रमुख संपत्तियां अटैच की गई हैं, वे हैं:

  1. विक्टोरिया लेआउट, बेंगलुरु – एक आलीशान रिहायशी घर

  2. अर्कावती लेआउट, बेंगलुरु – एक महंगी जमीन का प्लॉट

  3. तुमकुर जिले में इंडस्ट्रियल लैंड

  4. अनेकल तालुक में कृषि भूमि

इन चारों संपत्तियों की कुल बाजार कीमत ₹34.12 करोड़ आंकी गई है।

3 मार्च को गिरफ्तारी, एयरपोर्ट पर पकड़ी गई थी विदेशी सोने के साथ

3 मार्च 2025 को DRI (Directorate of Revenue Intelligence) ने बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से रान्या राव को गिरफ्तार किया था। वह 24 कैरेट के 14.2 किलो तस्करी किए गए विदेशी सोने के साथ पकड़ी गई थीं, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब ₹12.56 करोड़ है।

गिरफ्तारी के बाद रान्या के आवास पर छापेमारी हुई, जिसमें:

  • ₹2.67 करोड़ की नकदी

  • ₹2.06 करोड़ की सोने की जूलरी

बरामद की गई।

कैसे चलता था तस्करी का अंतरराष्ट्रीय रैकेट?

ED की जांच में जो खुलासा हुआ है, वह चौंकाने वाला है। रान्या राव, तरुण कोंडुरु राजू और कुछ अन्य लोगों के साथ मिलकर एक संगठित गोल्ड स्मगलिंग रैकेट चला रही थीं।

तस्करी का पूरा मॉडल कुछ इस प्रकार था:

  • गोल्ड मंगवाया जाता था दुबई, युगांडा और अन्य देशों से

  • झूठे कस्टम डिक्लेरेशन में बताया जाता था कि सोना स्विट्जरलैंड या अमेरिका भेजा जा रहा है

  • जबकि असली डिलीवरी भारत में होती थी

  • भारत में यह सोना कैश में लोकल जूलर्स और खरीदारों को बेचा जाता था

  • हवाला ट्रांजैक्शन के ज़रिए भुगतान किया जाता था

डिजिटल सबूतों ने खोले राज

ED के हाथ कुछ अहम डिजिटल साक्ष्य लगे हैं, जिनमें शामिल हैं:

  • मोबाइल चैट्स

  • फॉरेन इनवॉयस

  • कस्टम दस्तावेज

  • हवाला लेन-देन से जुड़े रिकॉर्ड

इन सभी सबूतों ने यह साफ कर दिया कि रान्या राव सिर्फ फ्रंट फेस नहीं थीं, बल्कि रैकेट की केंद्रीय भूमिका निभा रही थीं।

कानूनी शिकंजा कसता जा रहा है

ED की यह कार्रवाई इस बात का संकेत है कि रान्या राव के खिलाफ जांच अब और तेज़ होगी। पहले ही गिरफ्तारी, फिर करोड़ों की संपत्ति जब्ती और अब मनी लॉन्ड्रिंग के और गहरे लिंक उजागर होने की संभावना है।

फिलहाल रान्या राव न्यायिक हिरासत में हैं, और उनके अन्य साथी भी जांच के घेरे में हैं।