“दुष्यंत बोले- शिक्षा नहीं, मुनाफा चाहिए सरकार को”

चंडीगढ़, 23 सितंबर। आज देश और प्रदेश में बदलाव की जरूरत है, क्योंकि पिछले ग्यारह सालों से देश में भाजपा की सरकार है और यह सरकार दो लोग अडानी और अंबानी की है। यह लोग दोनों हाथों से देश को लु/टकर अपना खजाना भर रहे है । आज सरकारी संस्थानों को गिरवी रखा जा रहा है और ईडी का डर दिखाकर लोगों की जमीनें हड़पी जा रही है। यह बात जननायक जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ अजय सिंह चौटाला ने कही।

वे मंगलवार को सिरसा में जेजेपी के युवा योद्धा जिला सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। अजय चौटाला ने यह भी कहा कि देश की तरह प्रदेश के भी हालात खरा/ब है, क्योंकि यहां भी लंबे समय से भाजपा का शासन है और यहां गुं/डे राज कर रहे है।

उन्होंने कहा कि सरेआम बड़े-बड़े अप/राध हो रहे है और बदमा/शों को रोकने वाला कोई नहीं है। भाजपा सरकार में जनता की सुरक्षा की कोई गारंटी नहीं है।

डॉ अजय सिंह चौटाला ने कहा कि हरियाणा में बाढ़ से किसानों की लाखों एकड़ पक्की पकाई फसल बर्बा/द हुई है और सीएम हवा-हवाई बयान देते है कि हम किसानों के आंसू पोंछेंगे। उन्होंने सवाल करते हुए कहा कि पड़ौसी राज्यों पंजाब, हिमाचल, उत्तराखंड में बाढ़ पीड़ितों की मदद करने का दावा करने वाली हरियाणा की भाजपा सरकार ने दुख की घड़ी में क्या अपनों को संभाला ? अजय चौटाला ने कहा कि भाजपा के केंद्रीय मंत्री यहां फोटो खिंचवा कर बड़ी-बड़ी बातें करके चले गए, लेकिन अब तक पीड़ितों को मुआवजा नहीं मिला।

डॉ चौटाला ने कहा कि तमाम हालातों को देखते हुए युवाओं को बदलाव की अंगड़ाई लेनी होगी। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि आज युवा जेजेपी के युवा योद्धा सम्मेलन से प्रदेश और देश में बदलाव का संकल्प लेकर जाएं।

पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यंत ने कहा कि शिक्षा का निजीकरण किया जा रहा है और शिक्षा के स्तर को बढ़ाने की बजाय भाजपा सरकार शिक्षा से मुनाफा कमाने की सोच रखती है। उन्होंने कहा कि पोस्ट ग्रेजुएशन के कोर्स की पढ़ाई के लिए सरकारी कॉलेजों में मात्र सात हजार रुपए फीस है, जबकि सरकारी विश्वविद्यालयों में उसी कोर्स का खर्चा 50 हजार रुपए होता है।

इतना ही पर्ची खर्ची नहीं का नारा देने वाली भाजपा सरकार में विश्वविद्यालयों में बैक डोर एंट्रियां हो रही है। उन्होंने सीडीएलयू का उदाहरण देते हुए कहा कि यहां वीसी ने बिना अनुमति के 18 नौकरियों की भर्ती कर दी, जबकि तीन महीने बाद उन भर्तियों का विज्ञापन निकाला गया। दुष्यंत चौटाला ने युवाओं से आह्वान किया कि वे सीडीएलयू में भर्ती प्रक्रिया में बरती गई अनिय/मितताओं के खि/लाफ आंदोलन करे।